झालावाड़। जिला कलक्टर अजय सिंह राठौड़ की अध्यक्षता में रविवार को डीओआईटी वीसी कक्ष में जिले के समस्त उपखण्ड अधिकारियों, तहसीलदारों एवं विकास अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में विभिन्न विभागीय योजनाओं की प्रगति, राजस्व प्रकरणों के निस्तारण तथा विकास कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई। जिला कलक्टर ने सभी अधिकारियों को पारदर्शिता, जवाबदेही एवं समयबद्ध कार्य संस्कृति अपनाते हुए लंबित कार्यों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
स्वामित्व योजना के पट्टों का शीघ्र वितरण सुनिश्चित करें
बैठक में स्वामित्व योजना के अंतर्गत पट्टों के आवंटन एवं वितरण की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने प्रगति पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लंबित प्रकरणों का त्वरित निराकरण करते हुए पात्र लाभार्थियों को शीघ्र पट्टों का वितरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि योजना का लाभ समय पर आमजन तक पहुंच सके।
अटल ज्ञान केन्द्रों का निर्माण कार्य जल्द पूरा करने के निर्देश
जिले में विभिन्न स्थानों पर निर्माणाधीन अटल ज्ञान केन्द्रों की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि शेष केन्द्रों का निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा में पूर्ण कराया जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्माण कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए गुणवत्ता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
डीएमएफटी के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
बैठक में डीएमएफटी के अंतर्गत स्वीकृत विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने सभी विकास अधिकारियों को आवश्यक प्रशासनिक कार्यवाही शीघ्र पूर्ण कर स्वीकृत कार्यों को धरातल पर प्रारंभ कराने के निर्देश दिए, जिससे विकास कार्यों का लाभ आमजन को समय पर मिल सके।
10 वर्ष से अधिक पुराने राजस्व प्रकरणों का प्राथमिकता से करें निस्तारण
राजस्व विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि सभी राजस्व अधिकारी अपने न्यायालयों में लंबित प्रकरणों के निस्तारण को सर्वाेच्च प्राथमिकता दें। उन्होंने विशेष रूप से निर्देशित किया कि दस वर्ष से अधिक अवधि से लंबित राजस्व प्रकरणों का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण किया जाए। साथ ही सभी कार्यों में पारदर्शिता एवं जवाबदेही सुनिश्चित करते हुए आमजन को समयबद्ध न्याय उपलब्ध कराया जाए।
गैर खातेदारी प्रकरणों के निस्तारण में जिले का सराहनीय प्रदर्शन
जिला कलक्टर ने कहा कि झालावाड़ जिले में गैर खातेदारी प्रकरणों के निस्तारण में लगभग सभी तहसीलों ने सराहनीय कार्य किया है। कई तहसीलों में अब एक भी गैर खातेदारी प्रकरण शेष नहीं है। उन्होंने इस उपलब्धि को जिले की समस्त राजस्व टीम की कड़ी मेहनत एवं समर्पण का परिणाम बताते हुए कहा कि इसी कार्य संस्कृति को निरंतर बनाए रखते हुए झालावाड़ को प्रदेश एवं देश में राजस्व प्रशासन के क्षेत्र में रोल मॉडल के रूप में स्थापित करना है।
राजकीय कार्यालयों के भवनों के पट्टों की भी हुई समीक्षा
बैठक के दौरान राजकीय कार्यालयों के भवनों के पट्टों के आवंटन की भी समीक्षा की गई। जिला कलक्टर ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक कार्यवाही समयबद्ध रूप से पूर्ण करने तथा लंबित प्रकरणों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी शंभू दयाल मीणा सहित जिले के समस्त उपखण्ड अधिकारी, तहसीलदार एवं विकास अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहे।



