जयपुर। वेडिंग और पर्यटन उद्योग के बदलते स्वरूप, वैश्विक अवसरों तथा उभरती तकनीकों पर मंथन करने और दुनिया भर के पर्यटन बोर्डों, होटल इंडस्ट्री, वेडिंग प्लानर, इवेंट प्रोफेशनल्स एवं संबंधित हितधारकों को एक मंच प्रदान करने के उद्देश्य से इंटरनेशनल वेडिंग एंड टूरिज्म कॉन्क्लेव (आईडब्ल्यूटीसी) सीजन-3 का आयोजन रविवार को दिल्ली रोड स्थित होटल फेयरमोंट जयपुर में भव्य शुभारंभ हुआ। आईडब्ल्यूटीसी के डायरेक्टर अरशद हुसैन ने बताया कि इस दो दिवसीय कॉन्क्लेव का उद्घाटन उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दिया कुमारी और आंध्र प्रदेश के पर्यटन मंत्री, कुंडला दुर्गेश ने किया। जर्नल मैनेजर, फेयरमाउंट होटल जयपुर, रजत सेठी और डॉ अजय जैन अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कॉन्क्लेव में फोरम के प्रेसिडेंट, हितेश शर्मा; वाईस प्रेजिडेंट, अजय चौहान; सेक्रेटरी, भुवनेश अग्रवाल और पूर्व प्रेसिडेंट, मोहित माहेश्वरी के साथ देश-विदेश से आए 600 से अधिक प्रतिनिधि वेडिंग, पर्यटन और हॉस्पिटैलिटी उद्योग के भविष्य, डेस्टिनेशन वेडिंग्स, नवाचार, वैश्विक सहयोग और नए व्यावसायिक अवसरों पर विचार-विमर्श कर रहे हैं। उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री, राजस्थान, दिया कुमारी ने कहा कि राजस्थान की पर्यटन क्षमता का कोई मुकाबला नहीं है। राज्य में पर्यटन और वेडिंग डेस्टिनेशन के रूप में अपार संभावनाएं हैं, लेकिन वर्तमान में अधिकांश आयोजन नवंबर से अप्रैल के बीच ही केंद्रित रहते हैं। इसी अवधि में पर्यटन सीजन भी चरम पर होता है, जिससे एक साथ अधिक दबाव बनता है। आयोजकों और पर्यटन उद्योग से जुड़े लोगों से आग्रह करना चाहती हूँ कि अप्रैल से अक्टूबर के दौरान भी अधिक से अधिक वेडिंग, कॉर्पोरेट इवेंट्स और पर्यटन आधारित कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। जिससे ऑफ-सीजन में भी पर्यटकों की आवाजाही बनी रहेगी, होटल उद्योग को लाभ मिले, राज्य की अर्थव्यवस्था मजबूत हो और रोजगार के नए अवसर पैदा हों। जयपुर, उदयपुर और जोधपुर के अलावा भी राजस्थान में अनेक शानदार पर्यटन स्थल हैं। जिसमें बीकानेर, जैसलमेर, पुष्कर, शेखावाटी, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, चित्तौड़गढ़, भरतपुर, सवाई माधोपुर, कुंभलगढ़, राजसमंद, बूंदी और कोटा जैसे स्थलों का उल्लेख करते हुए कहा कि इन कम चर्चित लेकिन बेहद आकर्षक पर्यटन स्थलों को भी समान रूप से बढ़ावा देने की आवश्यकता है।” आंध्र प्रदेश पर्यटन मंत्री, कुंडला दुर्गेश ने इस अवसर पर कहा कि, “आंध्र प्रदेश पर्यटन को आईडब्ल्यूटीसी का आधिकारिक भागीदार बनने पर गर्व है। हमारा उद्देश्य राज्य के समुद्री तटों, आध्यात्मिक स्थलों और सांस्कृतिक धरोहर को वैश्विक वेडिंग एवं पर्यटन उद्योग से जोड़ना है। इस तरह के मंच राज्यों के बीच सहयोग और पर्यटन विकास के नए अवसर पैदा करते हैं।” कॉन्क्लेव का उद्देश्य भारत और दुनिया के पर्यटन बोर्ड, होटल इंडस्ट्री, वेडिंग प्लानर और इवेंट प्रोफेशनल्स को एक साझा मंच उपलब्ध कराना है, जहां वे नए बिजनेस अवसरों और वैश्विक साझेदारी पर चर्चा कर सकें। ऋतुराज खन्ना ने “इंडस्ट्री ने हमें क्या दिया है?” विषय पर अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि वेडिंग इंडस्ट्री केवल भव्य आयोजनों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह लोगों को जोड़ने, नए व्यावसायिक अवसर सृजित करने और दीर्घकालिक साझेदारियां विकसित करने का सशक्त माध्यम बन चुकी है। पिछले कुछ वर्षों में उद्योग ने प्रोफेशनलिज्म, नवाचार और तकनीक को अपनाते हुए तेजी से विकास किया है। आज नेटवर्किंग, सहयोग और ज्ञान के आदान-प्रदान के माध्यम से इवेंट कंपनियां, होटल, डेस्टिनेशन, डिज़ाइनर, फोटोग्राफर और अन्य सेवा प्रदाता वैश्विक स्तर पर नए बाजारों तक पहुंच बना रहे हैं। आईडब्ल्यूटीसी जैसे मंच उद्योग के विभिन्न हितधारकों को एक साथ लाकर अनुभव साझा करने, नए व्यावसायिक संबंध स्थापित करने और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। अंतरराष्ट्रीय पैनल “ग्लोबल वेडिंग चैलेंजेज” में कैप्टन बाली, न्गुएन ट्रुंग हियू (वियतनाम), जीन ल्यूक बेनहेम (फ्रांस) और इस्लाम चौधरी ने विभिन्न देशों में डेस्टिनेशन वेडिंग्स की चुनौतियों, बदलते बाजार और वैश्विक साझेदारी की संभावनाओं पर चर्चा की। वहीं सुनीत आर्या ने “यूएसए में इंडियन वेडिंग मार्किट” विषय पर अमेरिका में भारतीय वेडिंग बाजार के विस्तार और भारतीय डेस्टिनेशन वेडिंग्स की बढ़ती लोकप्रियता पर प्रस्तुति दी। उन्होंने कहा कि अमेरिका में भारतीय मूल के करीब 50 लाख (5.2 मिलियन) लोग निवास करते हैं और हर वर्ष हजारों भारतीय शादियां आयोजित होती हैं। भारतीय समुदाय की बढ़ती क्रय शक्ति और डेस्टिनेशन वेडिंग्स के बढ़ते रुझान के कारण अमेरिका भारतीय वेडिंग उद्योग के लिए तेजी से उभरता बाजार बन रहा है। भारतीय वेडिंग इंडस्ट्री वैश्विक स्तर पर 100 बिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग ₹8 लाख करोड़) से अधिक के बाजार का हिस्सा है, जिसमें अमेरिका एक महत्वपूर्ण योगदान कर्ता के रूप में उभर रहा है।”आयोजन के प्रमुख आकर्षण मौक बारात और वेड-वाह ब्राइडल स्टाइल वाक। जिसमें दुहले और बारातियों को छोड़ सभी गतिविधिया रियल थीं और वेड-वाह ब्राइडल स्टाइल वाक जिसमें मिस राजस्थान और मिसेज राजस्थान की मॉडल्स ने ड्रेस ज़िला की मधुर चेतवानी द्वारा डिज़ाइन ब्रिडेल ड्रेसज़ को शोकस किया। इस सेगमेंट के डिरेटर निमिषा और योगेश मिश्रा रहे मेक-उप जस्सी छाबरा का और कोरियोग्राफर सुधीर राजोरा की रही तथा शो की शो स्टॉपर, मिस ओशन इंडिया, हिना ठाकुर थीं।

कम चर्चित लेकिन बेहद आकर्षक पर्यटन स्थलों को भी समान रूप से बढ़ावा देने की आवश्यकता है: उपमुख्यमंत्री राजस्थान, दिया कुमारी
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