पीएम मोदी ने अल्लूरी सीताराम राजू एयरपोर्ट का उद्घाटन किया, बोले- हमारी सरकार का मंत्र है, इन्वेस्टमेंट से रोजगार

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अमरावती। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अल्लूरी सीताराम राजू एयरपोर्ट का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने भोगापुरम में विकास परियोजाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज का दिन आंध्र प्रदेश के विकास के लिए स्वर्ण आंध्र के विजन के लिए बहुत अहम है। मुझे आज बहुत शुभ अवसर पर एक शुभ महीने में उत्तर आंध्र की पवित्र भूमि पर आने का सौभाग्य मिला है। मैं सबसे पहले भगवान श्री वराह लक्ष्मी नरसिंह स्वामी के चरणों में प्रणाम करता हूं। मैं श्री कूर्मनाथ स्वामी और मां पोंडितल्ली को नमन करता हूं।” प्रधानमंत्री ने कहा कि आज यहां करीब 18 हजार करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का शुभारंभ, लोकार्पण और शिलान्यास हुआ है। हवाई अड्डे के साथ-साथ ये परियोजनाएं आंध्र की रोड कनेक्टिविटी से जुड़े हैं। इनमें इनर्जी सिक्योरिटी से जुड़े प्रोजेक्ट भी हैं। ये विकास कार्य इस बात के प्रतीक हैं कि इस समय आंध्र किस स्पीड से आगे बढ़ रहा है। मैं आप सभी को इन परियोजनाओं की शुभकामनाएं देता हूं।”
पीएम ने कहा कि आज का आयोजन नया इतिहास और नए रिकॉर्ड रचने का भी है। एक ओर विकास के नए रिकॉर्ड बन रहे हैं, साथ ही धीमसा नृत्य का सांस्कृतिक रिकॉर्ड भी रचा गया है। चंद्रबाबू की विशेषता है कि उन्होंने दो क्षितिजों को छुआ है। एक तरफ एयरपोर्ट का निर्माण और दूसरी तरफ आदिवासी बहनों के द्वारा धीमसा नृत्य का विश्व रिकॉर्ड बनाना। चंद्रबाबू के इस विजन को विशेष रूप से सराहना करता हूं।”
प्रधानमंत्री मोदी ने आगे कहा कि 13 हजार से ज्यादा आदिवासी बहनों और बेटियों की प्रस्तुति, उनका उत्साह, उनका अनुशासन और आदिवासी संस्कृति का गौरव, यह दृश्य अद्भुत था। इसमें देश की विविधता की झलक और पीढ़ी दर पीढ़ी सहेजकर रखी गई जनजातीय विरासत भी थी। मैं इस प्रस्तुति के लिए सभी का और विशेष रूप से आदिवासी बहनों और बेटियों का अभिनंदन करता हूं।”
पीएम ने कहा कि ये अल्लूरी सीताराम राजू की धरती है। उन्होंने जिस धरती पर आदिवासी हितों के लिए अपना जीवन समर्पित किया, आज उसी धरती पर आंध्र प्रदेश के नए एयरपोर्ट की शुरुआत हो रही है। यह हवाई अड्डा आंध्र और उत्तर आंध्र की ग्रोथ का रनवे है। ये यहां के युवाओं के बेहतर भविष्य का लॉन्च पैड है। मैं आंध्र प्रदेश और देश के लोगों को बहुत-बहुत बधाई देता हूं।”
प्रधानमंत्री ने कहा कि पहले जब एयरपोर्ट बनते थे, तो उनके नाम एक ही परिवार के नाम पर चढ़ जाते थे। हमने इस परंपरा को बदला है। हमने अयोध्या में एयरपोर्ट का नाम वाल्मिकी के नाम से जोड़ा, पंजाब में संत रविदास के नाम से एयरपोर्ट का नाम जोड़ा। केंद्र की एनडीए सरकार ने निर्णय किया है कि इस नए एयरपोर्ट का नाम श्री अल्लूरी सीताराम राजू के नाम पर होगा। आंध्र प्रदेश का जो भी नागरिक इस एयरपोर्ट से यात्रा करेगा, देश और दुनिया का जो भी नागरिक इस एयरपोर्ट से यात्रा करेगा। उसे अल्लूरी सीताराम राजू के नाम से जनसेवा और राष्ट्रसेवा की प्रेरणा मिलेगी।
पीएम ने कहा कि बीते 12 वर्षों में देश के एविएशन सेक्टर की असाधारण प्रगति हुई है। 2014 तक देश में केवल 74 एयरपोर्ट ऑपरेशनल थे, आज यह संख्या 166 हो गई है। एक समय था जब हवाई उड़ाने सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित थी। एनडीए सरकार में आज छोटे शहर के साधारण लोग भी फ्लाइट से यात्रा कर रहे हैं। इन 12 वर्षों में सिर्फ एयरपोर्ट्स की संख्या में ही बढ़ोत्तरी नहीं हुई है, बल्कि हमारी उड़ान योजना के कारण आज गरीब परिवार के लोगों को भी जहाज में बैठने का अवसर मिल रहा है। इस योजना से गरीब से गरीब को अपने सपने को पूरा करने में मदद मिली है। कुछ दिन पहले ही सरकार की ओर से उड़ान योजना के दूसरे चरण की शुरुआत की गई है। इस पर भी 29 हजार करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे।
पीएम ने कहा कि एविएशन सेक्टर में देश ने एक और बड़ा माइलस्टोन हासिल किया है। कुछ ही दिन पहले काशी में स्पोक एयरपोर्ट का शुभारंभ किया गया। आज वही मॉडल पंजाब के अमृतसर तक पहुंच गया है। अमृतसर से 25 से ज्यादा इंटरनेशनल डेस्टिनेशन जुड़ जाएंगे। इस उपलब्धि के लिए मैं आंध्र की इस धरती से पंजाब के लोगों को भी बधाई देता हूं। हमारे आंध्र प्रदेश के पास हमेशा से विकसित भारत का ग्रोथ इंजन बनने का सामर्थ्य रहा है। आंध्र प्रदेश के विकास के लिए हमारे प्रयास डबल इंजन की स्पीड से आगे बढ़े, इसके लिए मैंने आंध्र के लोगों से डबल इंजन सरकार का आशीर्वाद मांगा था। आज चंद्रबाबू नायडू, पवन कल्याण के नेतृत्व में एनडीए की पूरी टीम आंध्र प्रदेश के लिए डबल स्पीड से काम कर रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि आज देश ब्लू इकॉनामी को लगातार मजबूत कर रहा है। पूरे आंध्र में हाईवे और एक्सप्रेसवे का नेटवर्क तैयार किया जा रहा है। विशाखापट्टनम-रायपुर एक्सप्रेसवे जैसे प्रोजेक्ट इस पूरे क्षेत्र को रफ्तार दे रहे हैं। यह पूरा क्षेत्र देश के बड़े औद्योगिक केंद्रों से आसानी से जुड़े, इसके लिए आज आंध्र प्रदेश में करीब 1 लाख करोड़ रुपए के रेलवे परियोजनाओं पर काम चल रहा है। राज्य के पूरे रेल नेटवर्क का विद्युतीकरण हो चुका है। यहां रेलवे स्टेशनों को भी आधुनिक बनाया जा रहा है।
पीएम ने कहा कि रेल, पोर्ट और एयरपोर्ट को एक साथ जोड़ा जा रहा है। आंध्र प्रदेश हमेशा भविष्य की सोच रखने वाला प्रदेश रहा है। सॉफ्टवेयर, आईटी और टेक सेक्टर में आंध्र के युवाओं ने पूरी दुनिया में डंका बजाया है। इसलिए सरकार यहां के टैलेंट को आंध्र प्रदेश के विकास पावर से जोड़ना चाहती है। टैलेंटेड युवाओं की प्रतिभा का लाभ आंध्र प्रदेश और देश को ज्यादा से ज्यादा मिले, यह बहुत आवश्यक है। इसके लिए हमारा फोकस अब सेमीकंडक्टर जैसी फ्यूचरिस्टिक टेक इंडस्ट्री पर है। विशाखापट्टनम में नए सेमीकंडक्टर प्लांट का शिलान्यास इसी दिशा में एक बड़ा कदम है।
पीएम ने कहा कि आज, भारत अपनी ब्लू इकॉनमी को लगातार मजबूत कर रहा है। हमारा विजन पूरे कोस्टलाइन को कोस्टल इकॉनमिक कॉरिडोर के तौर पर डेवलप करना है। इस लक्ष्य के साथ, विशाखापत्तनम से कृष्णापत्तनम तक हमारे मौजूदा पोर्ट्स को मॉडर्नाइज और अपग्रेड किया जा रहा है। इसके अलावा, मुलापेटा और रामायपत्तनम में नए पोर्ट्स डेवलप किए जा रहे हैं।
पीएम ने कहा कि हमारी सरकार का मंत्र है- इन्वेस्टमेंट से रोजगार। इसलिए सरकार ने भी अपनी तरफ से इन्वेस्टमेंट बढ़ाया है और हम प्राइवेट सेक्टर को भी इन्वेस्टमेंट के लिए प्रेरित कर रहे हैं। क्योंकि जब इन्वेस्टमेंट बढ़ता है तो मैन्युफैक्चरिंग बढ़ती है। मैन्युफैक्चरिंग बढ़ती है तो एक्सपोर्ट बढ़ता है, और एक्सपोर्ट बढ़ता है तो रोजगार के नए अवसर बनते हैं। और जब रोजगार बढ़ता है तो लोगों की आमदनी बढ़ती है, परिवारों की जिंदगी बेहतर होती है।

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