दौसा। जल संरक्षण को जन आंदोलन बनाने के उद्देश्य से शुक्रवार को जल संसाधन विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों ने गेटोलाव बांध पर श्रमदान कर मिसाल पेश की। अभियान के तहत बांध की साफ-सफाई की गई, जलस्तर वाले क्षेत्रों से गंदगी हटाई गई और पेड़-पौधों के आसपास उगी खरपतवार को भी साफ किया गया।
यह पहल भारत सरकार द्वारा प्रारंभ किए गए जल शक्ति अभियान के अंतर्गत हुई, जिसकी थीम है—”जल संचय, जन भागीदारी-जन जागरूकता”। इस अभियान को प्रभावी रूप से लागू करने के लिए भारत सरकार द्वारा 7 मई तक जल पुनर्भरण, सफाई व रख-रखाव से जुड़ी गतिविधियां आयोजित करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसी कड़ी में जयपुर स्थित निदेशालय, जलग्रहण विकास एवं भू-संरक्षण विभाग द्वारा दिए गए निर्देशों की पालना में दौसा जिले के गेटोलाव बांध पर जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विभाग के सभी अधिकारी और कर्मचारी सक्रिय रूप से उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जल स्रोतों के संरक्षण, साफ-सफाई और अतिक्रमण मुक्त करने के प्रयासों को जमीनी स्तर पर साकार करना था, ताकि लोगों में जल के महत्व को लेकर जागरूकता बढ़े और समाज की भागीदारी से जल संकट से निपटा जा सके।



