जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि ग्रामीण विकास प्रदेश की प्रगति और समृद्धि की आधारशिला है। इस बजट में ग्रामीण क्षेत्र के बुनियादी ढांचे, कृषि, पेयजल, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के लिए अनेक प्रावधान किए हैं। उन्होंने कहा कि राजस्थान में डबल इंजन की सरकार 8 करोड़ प्रदेशवासियों के विश्वास को कायम रखते हुए काम कर रही है, जिससे उत्कृष्ट और विकसित राजस्थान के सपने को पूरा किया जा सके।शर्मा बुधवार को मुख्यमंत्री निवास पर बजट सौगातों के लिए जयपुर देहात (दक्षिण) की ओर से आए प्रतिनिधिमण्डल की आभार सभा को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि जनता से किए गए वादों को हमने संकल्प पत्र में शामिल किया था तथा 1 साल में संकल्प पत्र के 55 प्रतिशत वादे पूरे किए जा चुके हैं। किसानों, महिलाओं, गरीबों और युवाओं के हितों के लिए हमारी सरकार लगातार निर्णय ले रही है।
इस वर्ष का बजट कृषक कल्याण केन्द्रित
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष का बजट किसानों को आगे रखते हुए बनाया गया है। किसान सम्मान निधि को बढ़ाकर 9 हजार रुपये करना, गोपाल क्रेडिट कार्ड योजना के तहत गोपालकों को ब्याजमुक्त ऋण, 50 हजार नए कृषि बिजली कनेक्शन और 5 लाख घरेलू कनेक्शन जैसे बजटीय प्रावधानों से किसान खुश है। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं के लिए भी सवा लाख पदों पर सरकारी भर्तियां और डेढ़ लाख युवाओं को निजी क्षेत्र में रोजगार उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने कहा कि गत सरकार के समय हुए पेपरलीक प्रकरणों से राज्य का युवा परेशान था। हमने आते ही इन प्रकरणों में लिप्त अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई की। हमारे सवा साल के कार्यकाल में एक भी पेपर लीक नहीं हुआ है। उन्होंने कहा कि हमारे अपराध मुक्त राजस्थान की दिशा में उठाए गए कदमों से राज्य में गैंगवार और अपराध भी कम हुआ है।
पानी और बिजली राज्य सरकार की प्राथमिकता
शर्मा ने कहा कि हमने प्रदेश में पानी और बिजली को प्राथमिकता पर रखा। राज्य सरकार प्रदेश में पानी की पर्याप्त उपलब्धता को सुनिश्चित करने की दिशा में पूर्वी राजस्थान के लिए राम जलसेतु लिंक परियोजना, शेखावाटी क्षेत्र के लिए यमुना जल समझौता, दक्षिणी राजस्थान के लिए देवास परियोजना का मार्ग प्रशस्त करने के साथ ही इंदिरा गांधी नहर परियोजना एवं माही परियोजना को भी सुदृढ़ कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में बिजली तंत्र को सुदृढ़ करने के लिए राज्य सरकार ठोस कार्य योजना पर काम कर रही है। हमारी सरकार वर्ष 2027 तक किसानों को दिन में बिजली उपलब्ध कराने के साथ ही राज्य को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए काम कर रही है।



