नई दिल्ली। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने शनिवार को कांग्रेस और विपक्षी दलों पर दिल्ली में विरोध प्रदर्शन के दौरान तिरंगे के इस्तेमाल को लेकर निशाना साधा। बिहार की राजधानी पटना में नवीन ने आरोप लगाया, ‘विपक्ष राष्ट्रीय ध्वज की आड़ में दिल्ली में अशांति फैलाने और देश को अस्थिर करने की कोशिश कर रहा है। तिरंगा देश के सम्मान, प्रतिष्ठा और गौरव का प्रतीक है। इसे राजनीतिक टकराव या अराजकता का प्रतीक नहीं बनने दिया जा सकता।’ नवीन ने कहा कि दिल्ली की सड़कों पर अव्यवस्था फैलाने वाले लोगों को न तो संविधान की चिंता है और न ही संवैधानिक संस्थाओं का सम्मान। ऐसे लोगों की सोच देश के प्रति गहरी नफरत से प्रेरित है।
नितिन नवीन ने राहुल गांधी पर सवाल उठाते हुए कहा कि कांग्रेस नेता संसद में या सार्वजनिक मंचों पर विकास के मुद्दों पर बात करने के बजाय देश में अस्थिरता पैदा करने वाले मामलों पर ध्यान देते हैं। राहुल गांधी और उनके विपक्षी सहयोगी बिहार या दिल्ली में आम लोगों की जिंदगी में आए सकारात्मक बदलावों और विकास योजनाओं की चर्चा करते नजर नहीं आते। बीजेपी के कार्यकर्ता पहले भी देश के सम्मान के लिए आगे आए हैं और कश्मीर के श्रीनगर स्थित लाल चौक पर तिरंगा फहराने पहुंचे थे। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से शुरू किए गए ‘हर घर तिरंगा’ अभियान का जिक्र किया और कहा कि विपक्ष के नेताओं के घरों पर 13 से 15 अगस्त के बीच तिरंगा फहराया गया था या नहीं, इसकी जांच की जानी चाहिए। अब वही लोग दिल्ली में तिरंगा लेकर अशांति फैलाने की कोशिश कर रहे हैं।
SIR में गड़बड़ियों का आरोप
दिल्ली में कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और कांग्रेस समेत विपक्षी दल SIR के तहत मतदाता सूचियों में हो रहे बदलावों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने चुनाव आयोग की ओर से मतदाता सूची में किए जा रहे संशोधनों में गड़बड़ियों का आरोप लगाया है। छात्र संगठनों और नागरिक समाज के लोगों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी की है। सरकार की ओर से जंतर-मंतर को निर्धारित प्रदर्शन स्थल की सूची से हटाने और सीजेपी नेताओं सौरव दास, आशुतोष रांका व छात्र नेता नेहा बोरा के खिलाफ पुलिस कार्रवाई के बाद विवाद और बढ़ गया। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इन गिरफ्तारियों की आलोचना करते हुए कहा कि शांतिपूर्वक राष्ट्रीय ध्वज लहराना अपराध नहीं हो सकता।
‘तिरंगा अराजकता का प्रतीक नहीं’
नितिन नवीन ने दोहराया कि राष्ट्रीय ध्वज का सम्मान बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है। तिरंगा भारत की आजादी और देश की उपलब्धियों का प्रतीक है। इसे किसी भी तरह के राजनीतिक टकराव या अव्यवस्था से जोड़ना सही नहीं है। उन्होंने कहा, ‘तिरंगा हमारे सम्मान, प्रतिष्ठा और गौरव का प्रतीक है। हम इसकी गरिमा को कम नहीं होने देंगे। यह भारत की आजादी और उपलब्धियों का सबसे बड़ा प्रतीक है। तिरंगा भारत के गौरव को दर्शाता है। यह कभी भी अराजकता का प्रतीक नहीं हो सकता।’



