जयपुर। राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम की जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम (DMHP) जयपुर द्वारा सृजन फाउंडेशन के संयुक्त सहयोग से पूर्णिमा इंजीनियरिंग कॉलेज में युवाओं में शराब सेवन के बढ़ते प्रभावों और उससे जुड़े मानसिक स्वास्थ्य पहलुओं पर “Alcohol & Young Minds: Choice, Coping or Addiction?” विषय पर पैनल डिस्कशन आयोजित किया गया।
सीएमएचओ जयपुर द्वितीय डॉ. मनीष मित्तल ने बताया कि कार्यक्रम में डॉ. एस.एम. स्वामी, राज्य नोडल अधिकारी, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं,जयपुर मुख्य वक्ता रहे तथा डॉ. रवि गुप्ता, UNICEF ने वक्ता के रूप में भाग लिया। चर्चा का संचालन एवं प्रश्नोत्तर सृजन फाउंडेशन की अधिवक्ता इंदु तोमर द्वारा किया गया। पैनल चर्चा में युवाओं में शराब सेवन के पीछे व्यक्तिगत चुनाव, तनाव एवं तनाव प्रबंधन, साथियों का दवाब, भावनात्मक समस्याओं और मानसिक स्वास्थ्य जैसे विभिन्न पहलुओं पर संवाद किया गया। साथ ही यह समझाने का प्रयास किया गया कि किस प्रकार सामान्य रुचि या प्रयोग धीरे-धीरे नियमित सेवन और आगे चलकर निर्भरता/लत का रूप ले सकता है।
पैनल डिस्कशन में विशेषज्ञों ने युवाओं से अपनी समस्याओं को शराब या अन्य नशे के माध्यम से संभालने के बजाय स्वस्थ तनाव प्रबन्धन, सकारात्मक सामाजिक जुड़ाव, संवाद एवं समय पर सहायता लेने पर जोर दिया। विद्यार्थियों ने भी विषय से जुड़े विभिन्न प्रश्न पूछकर चर्चा में सक्रिय सहभागिता की।
कार्यक्रम के सफल आयोजन में संजय मित्तल, मनोरोग नर्सिंग अधिकारी(DMHP Jaipur ) का महत्वपूर्ण सहयोग रहा। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में नशे के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य के प्रति संवेदनशील और जिम्मेदार दृष्टिकोण विकसित करना रहा।



