मधुमेह से बचने का रामबाण उपाय : शारीरिक कसरत और संयमित भोजन

ram

बाल मुकुन्द ओझा
डायबिटीज या मधुमेह उन गंभीर बीमारियों में से एक है जिसका खतरा काफी तेजी से बढ़ता जा रहा है। यह समस्या अब सभी उम्र के लोगों को शिकार बना रही है। डायबिटीज रोग के बारे में लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से 27 जून को ‘मधुमेह जागृति दिवस’ मनाया जाता है। आइसीएमआर की एक रिपोर्ट के मुताबिक, भारत में डायबिटीज के मरीजों की संख्या 10.1 करोड़ से ज्यादा है। वर्ष 2019 में यह संख्या 7 करोड़ थी। ICMR के मुताबिक 2026 तक देश में 10 करोड़ लोग डायबिटीज से पीड़ित हैं। 13 करोड़ लोग ऐसी स्थिति में हैं जहां अगर लाइफस्टाइल न बदली तो अगले 5-10 साल में वो डायबिटीज के मरीज बन जाएंगे। IDF की ‘डायबिटीज एटलस 2025’ कहती है कि भारत में 2050 तक ये संख्या 15.67 करोड़ तक पहुंच सकती है।
दुनिया भर में डायबिटीज का खतरा घर घर मंडरा रहा है। खानपान और लाइफ स्टाइल में आये बदलाव के कारण यह रोग बच्चे से बुजुर्ग तक को अपना शिकार बना रहा है। खराब जीवनशैली से आज भारत में लोग बड़ी संख्या में बीमारियों का शिकार हो रहे हैं, जिनमें डायबिटीज, हाईपरटैंशन, मोटापा तथा हाई कोलैस्ट्रोल मुख्य हैं। इनमें डायबिटीज के रोगियों की संख्या बहुत तेजी से बढ़ेगी। साइंस पत्रिका लेसेन्ट के एक ताज़ा शोध के मुताबिक दुनिया में जितने मरीज हैं, उसमें से 17 प्रतिशत से ज्यादा अकेले भारत में हैं । यूके मेडिकल जर्नल लैंसेट में प्रकाशित एक रिपोर्ट के अनुसार कम से कम 136 मिलियन लोग प्री-डायबिटीज है। देश में डायबिटीज के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। भारत की 11.4 फीसदी आबादी डायबिटीज की चपेट में है। आने वाले दिनों में यह संख्या और तेजी से बढ़ सकती है। ऐसे में इसे कंट्रोल करना बेहद जरूरी है। देश के कई राज्यों में डायबिटीज के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। डायबिटीज के मरीज लाइफस्टाइल और खानपान का ख्याल रखकर इससे छुटकारा पा सकते हैं।देश में डायबिटीज के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ती जा रही है। खानपान और बिगड़ी हुई लाइफस्टाइल डायबिटीज के लिए जिम्मेदार हैं। लेकिन एक कारण और है जिससे डायबिटीज की समस्या हो सकती है। नींद की कमी से डायबिटीज की समस्या बढ़ सकती है। हेल्थ एक्सपर्ट के मुताबिक, अगर आप रोजाना अच्छी नींद ले रहे हैं तो ब्लड शुगर कंट्रोल रहता है और डायबिटीज का खतरा कम होता है।
भारत में डायबिटीज के मरीजों की संख्या हर रोज बढ़ रही हैं। लगभग हर 5 भारतीयों में से 2 भारतीय को डायबिटीज की समस्या हैं। डायबिटीज में ब्लड शुगर का लेवल हाई होने के कारण त्वचा शुष्क होती है जिससे शरीर में सूजन, लाल धब्बे, खुजली, चकत्ते जैसी चीजें हो जाती हैं। डायबिटीज एक ऐसी बीमारी है जिसे हम साइलेंट किलर के तौर पर जानते थे मगर अब वह मेन किलर हो गई है। बच्चे से बुजुर्ग तक हर आयु का व्यक्ति इस बीमारी का शिकार हो रहा है। अस्पतालों और जाँच केंद्रों पर डायबिटीज के रोगी बड़ी संख्या में देखे जा रहे है। भारत में हर पांचवें व्यक्ति को इस बीमारी ने घेर रखा है। स्वस्थ व्यक्ति में खाने के पहले ब्लड में ग्लूकोस का लेवल 70 से 100 एमजी डीएल रहता है। खाने के बाद यह लेवल 120-140 एमजी डीएल हो जाता है और फिर धीरे-धीरे कम होता चला जाता है। मधुमेह हो जाने पर यह लेवल सामन्य नहीं हो पाता और बढ़ता जाता है।
भारत को डायबिटीज की खान कहा जाता है। डायबिटीज रोग वैश्विक और गैर.संचारी महामारी का रूप धारण कर चुका है। भारत में व्यस्त एवं भागमभाग वाली जिंदगी, खानपान की खराबी तनावपूर्ण जीवन, स्थूल जीवन शैली, शीतल पेय का सेवन, धूम्रपान, व्यायाम कम करने की आदत और जंक फुड का अधिक सेवन, मोटापा के कारण डायबिटीज का प्रकोप बढ़ रहा है।यदि आप ब्लड शुगर को Control में रखना चाहते हैं तो संतुलित आहार, नियमित व्यायाम, स्वस्थ वजन, पर्याप्त नींद और डॉक्टर द्वारा सुझाए गए उपचार को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाना जरूरी है। सही समय पर अपनाई गई स्वस्थ आदतें न केवल डायबिटीज को नियंत्रित रख सकती हैं, बल्कि इससे जुड़ी गंभीर जटिलताओं के जोखिम को भी काफी हद तक कम कर सकती हैं। बच्चों का अब खेलकूद के प्रति रूझान घटना और मोबाइल कंप्यूटर खेलों की तरफ बढ़ना टीवी से चिपके रहना और जंक फूड खाने से बच्चे भी इस रोग के शिकार हो रहे हैं। डायबिटीज को खत्म तो नहीं किया जा सकता है पर उसे नियंत्रित अवश्य किया जा सकता है। इसके लिए कई इलाज है पर प्राकृतिक इलाज सबसे बेहतर है, जिसमे योग की बड़ी महत्ता है। रोज सुबह उठकर प्राणायाम, व्यायाम व आसन करने से इस पर नियंत्रण किया जा सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *