जयपुर । राजस्थान विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने राजस्थान उच्च न्यायालय द्वारा प्रदेश में पंचायत और नगर निकाय चुनाव 31 जुलाई तक संपन्न कराने के आदेश का पुरजोर स्वागत किया है। जूलीने इसे लोकतंत्र और कांग्रेस पार्टी के संघर्ष की एक ऐतिहासिक जीत बताते हुए कहा कि इस फैसले से भाजपा सरकार की लोकतंत्र विरोधी मानसिकता पूरी तरह बेनकाब हो गई है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं को कमजोर कर जनता के बीच जाने से लगातार भाग रही थी। सरकार ने जानबूझकर चुनाव टालने की साजिश रची थी, क्योंकि उन्हें पता है कि जनता उनके कुशासन का जवाब देने के लिए तैयार बैठी है। लेकिन माननीय न्यायालय के इस डंडे ने सरकार के इरादों पर पानी फेर दिया है और आज प्रदेश की जनता की जीत हुई है।
तकरीबन ढाई साल में कोई काम नहीं किया, अब घबराहट में गाँव जा रहे
भाजपा सरकार पर सीधा हमला बोलते हुए टीकाराम जूली ने कहा कि पिछले तकरीबन ढाई सालों में इस डबल इंजन सरकार ने प्रदेश को पूरी तरह विकास विहीन कर दिया है। धरातल पर कोई काम नहीं हुआ है, कानून-व्यवस्था पूरी तरह ध्वस्त है और जनकल्याणकारी योजनाएं ठप पड़ी हैं। यही वजह है कि भाजपा के नेताओं में गांवों और कस्बों में जाने की हिम्मत नहीं बची और अब मुख्यमंत्री जी गाँवों में जाकर लोगों के गुस्से को शांत करने की कोशिशों में लगे गए हैं । असलियत में ये लोग डरे हुए हैं कि पंचायत और निकाय चुनावों में जनता के बीच जाकर किस मुंह से और किस काम के नाम पर वोट मांगेंगे? अपनी इसी नाकामी और हार के डर को छिपाने के लिए भाजपा ने चुनाव टालने का यह सीधा-सीधा लोकतंत्र पर हमला किया था, लेकिन कोर्ट के इस ऐतिहासिक फैसले के बाद अब सरकार को मुंह की खानी पड़ी है।
कांग्रेस ने सड़क से लेकर सदन और हर मंच पर उजागर किए भाजपा के मंसूबे, अब जनता के बीच पोल खोलेंगे कार्यकर्ता
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने कहा कि प्रदेश में नगर निकाय और पंचायत राज चुनाव समय पर नहीं कराने के पीछे भाजपा की जो बदनीयत थी, उसे कांग्रेस ने हर स्तर पर बेनकाब किया है। चाहे कुछ माह पहले विधानसभा के बाहर कांग्रेस विधायकों द्वारा किया गया ज़ोरदार प्रदर्शन हो, सड़क का संघर्ष हो या आम जनता के बीच की बात, कांग्रेस पार्टी ने हर मंच पर भाजपा के इन लोकतंत्र-विरोधी मंसूबों को पुरजोर तरीके से उजागर किया था। सरकार जनता की इस आवाज़ को दबाना चाहती थी, लेकिन आज माननीय न्यायालय के आदेश ने भाजपा की तानाशाही को करारा जवाब दे दिया है। जूली ने कड़े शब्दों में कहा कि इस ऐतिहासिक फैसले से कांग्रेस कार्यकर्ताओं का हौसला और बुलंद हुआ है। अब हमारे कार्यकर्ता गांवों, ढाणियों और वार्डों में सीधे जनता के बीच जाएंगे और इस डरपोक व जनविरोधी सरकार की पोल खोलने का काम करेंगे। हम जनता को बताएंगे कि कैसे भाजपा अपनी नाकामियों को छिपाने के लिए उनके लोकतांत्रिक अधिकारों को छीनना चाहती थी। अलवर।नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली एक निजी कार्यक्रम में शामिल होने अपने पैतृक गांव काठूवास पहुंचे। जूली ने नीट पेपर लीक मामले को लेकर केंद्र और राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि राजस्थान प्रदेश सहित देश के भयावह हालात किसी से छिपे हुए नहीं है। जूली ने कहा कि नीट पेपर लीक से देशभर के लाखों युवाओं का भविष्य प्रभावित हुआ है और युवा संकट में फंस गए है,उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार इस पूरे मामले को दबाने का प्रयास कर रही है जिससे जांच एजेंसियां वास्तविक दोषियों तक नहीं पहुंच पा रही हैं। जूली ने बताया कि कांग्रेस लगातार केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और राजस्थान के शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के इस्तीफे की मांग कर रही है, लेकिन मोदी सरकार दोनों मंत्रियों का बचाव कर रही है। नेता प्रतिपक्ष ने सीबीआई को लेकर कहा-जांच एजेंसी केवल ‘छोटी मछलियों’ को पकड़ रही है, जबकि घोटाले में शामिल ‘बड़े मगरमच्छ’ अभी भी कानून की गिरफ्त से बाहर हैं। जूली बोले ऐसा लग रहा है सीबीआई पूरे मामले में लीपापोती करने में लगी है। क्योंकि सीबीआई तो बीजेपी की ‘बी’ कंपनी है।

31 जुलाई तक चुनाव कराने का हाईकोर्ट का आदेश लोकतंत्र की जीत, भाजपा सरकार को खानी पड़ी मुंह की: टीकाराम जूली
ram


