जयपुर। राजस्थान में लंबे इंतजार के बाद मानसून का प्रवेश अब बेहद करीब है। मौसम विभाग के अनुसार मानसून बुधवार को मध्य प्रदेश से लगती राजस्थान की सीमा तक पहुंच गया है और अगले 24 घंटे में इसके प्रदेश में प्रवेश करने की संभावना है। इसके प्रभाव से कोटा, भरतपुर और जयपुर संभाग के कई जिलों में रुक-रुककर बारिश का दौर शुरू हो गया है। गुरुवार के लिए प्रदेश के 25 जिलों में आंधी और बारिश का अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विज्ञान केंद्र जयपुर के निदेशक राधेश्याम शर्मा ने बताया कि पूर्वी भारत और बंगाल की खाड़ी से सक्रिय हुई मानसूनी हवाओं के कारण मानसून की रफ्तार बढ़ी है। अगले 24 घंटे में इसके राजस्थान में प्रवेश करने के साथ ही पूर्वी और दक्षिण-पूर्वी जिलों में बारिश की गतिविधियां तेज हो सकेंगी।
मौसम विभाग के अनुसार जयपुर में मानसून इस बार तीन-चार दिन की देरी से पहुंचेगा, लेकिन इसके बाद जुलाई के पहले और दूसरे सप्ताह में सामान्य से अधिक बारिश होने की संभावना है।
इस दौरान कई स्थानों पर भारी बारिश भी हो सकती है। हालांकि महीने के तीसरे और चौथे सप्ताह में मानसून कमजोर पड़ सकता है, जिससे गर्मी और उमस फिर बढ़ने की आशंका है।
प्रदेश में मानसून की दस्तक से पहले उमस और गर्मी का असर बना हुआ है। राजस्थान-पाकिस्तान सीमा से लगे पश्चिमी जिलों में तेज गर्मी जारी है।
बुधवार को श्रीगंगानगर राज्य का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस मापा गया। जयपुर, भरतपुर, कोटा, उदयपुर, अजमेर, बीकानेर और जोधपुर संभाग के कई हिस्सों में भी दिनभर उमस ने लोगों को परेशान किया।
राजधानी जयपुर में बुधवार दोपहर बाद झमाझम बारिश से लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली। गुरुवार सुबह भी रिमझिम बारिश का सिलसिला जारी रहा, जिससे तापमान में गिरावट आ गई। वहीं करौली में शाम को हुई बारिश के बाद सड़कों पर पानी भर गया और यातायात प्रभावित हुआ। अलवर में दिनभर उमस के बाद शाम को मौसम बदला और ठंडी हवा के साथ घने बादल छा गए।
अजमेर में अधिकतम तापमान 39.1 डिग्री सेल्सियस मापा गया और आगामी दिनों में बारिश की संभावना जताई गई है। कोटा में तापमान में करीब तीन डिग्री की गिरावट आ गई, जबकि सीकर में बादलों के बावजूद उमस बनी रही। जोधपुर में प्री-मानसून गतिविधियां कमजोर रहने से गर्मी का असर बरकरार है, हालांकि 3 जुलाई से बारिश की संभावना है। उदयपुर में भी मौसम गर्म और उमस भरा रहा।



