जैसलमेर। एयर रेड वार्निंग सिस्टम के आधुनिकीकरण के लिए गृह मंत्रालय, भारत सरकार के महानिदेशालय अग्निशमन सेवा, नागरिक सुरक्षा एवं गृह रक्षक की टीम द्वारा 30 सितम्बर 2026 को प्रातः 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक जैसलमेर शहर में स्थापित इलेक्ट्रिक सायरनों का ऑपरेशनल ट्रायल किया जाएगा।
प्रभारी अधिकारी सामान्य श्री रोहित वर्मा ने आदेश जारी कर संबंधित विभागीय कार्मिकों को निर्देशित किया है कि गृह मंत्रालय से आने वाली टीम एवं नागरिक सुरक्षा केन्द्र, जैसलमेर के साथ समन्वय स्थापित करते हुए शहर में स्थापित प्रत्येक इलेक्ट्रिक सायरन का निर्धारित समयावधि में ऑपरेशनल ट्रायल करवाना सुनिश्चित करें। ट्रायल के दौरान सायरन की कार्यक्षमता, संचालन एवं तकनीकी व्यवस्थाओं का परीक्षण किया जाएगा।
शहर के 11 स्थानों पर स्थापित हैं इलेक्ट्रिक सायरन
जैसलमेर शहर में एयर रेड वार्निंग सिस्टम के तहत 11 स्थानों पर इलेक्ट्रिक सायरन स्थापित किए गए हैं—
1. गोपा चौक स्थित राब्जी मंडी, जैसलमेर
2. कार्यालय जिला कलक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट, जैसलमेर
3. सीपीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस, जैसलमेर
4. ट्रॉमा सेंटर, जवाहर चिकित्सालय, जैसलमेर
5. रानी महल, सोनार दुर्ग, जैसलमेर
6. कार्यालय नगर परिषद, जैसलमेर
7. सनसेट पॉइंट, सूली डूंगर, जैसलमेर
8. सुलभ शौचालय, महेश्वरी चिकित्सालय के पास, जैसलमेर
9. सभाभवन, रेंवतसिंह की ढाणी, जैसलमेर
10. तना आश्रम, पुलिस लाइन कच्ची बस्ती, जैसलमेर
11. सभाभवन, इंदिरा कॉलोनी, जैसलमेर
जिला प्रशासन द्वारा नागरिकों से अपील की गई है कि 30 सितम्बर को प्रातः 10 बजे से दोपहर 1 बजे के मध्य सायरन की आवाज सुनाई देने पर इसे ऑपरेशनल ट्रायल का हिस्सा मानें और किसी प्रकार की अफवाह अथवा भ्रम पर ध्यान न दें। यह परीक्षण एयर रेड वार्निंग सिस्टम को अधिक प्रभावी एवं आधुनिक बनाने के उद्देश्य से किया जा रहा है।


