जयपुर। विधानसभा में बुधवार को स्वास्थ्य की अनुदान मांगों पर बहस के दौरान बीजेपी विधायक संदीप शर्मा की अशोक गहलोत पर नाम लिए बिना की गई टिप्पणी को लेकर हंगामा हो गया।
संदीप शर्मा ने मंगलवार को नेता प्रतिपक्ष की तरफ से सीएम को लेकर की गई टिप्पणियों पर पलटवार किया। संदीप शर्मा ने कहा- हमने कभी आपके मुख्यमंत्री पर टीका टिप्पणी की हो तो बताओ। उनकी भाषा, उनको भी समझ में नहीं आती होगी। आप कसम खाकर बता देना उनकी पूरी बात समझ जाते हो क्या? पर हम कभी कहते हैं क्या? कभी हमने उन्हें लेकर अनर्गल बात नहीं की।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने आपत्ति करते हुए कहा- वो सदस्य सदन में मौजूद नहीं है। उनके बारे में जो कहा गया है, उसे सदन की कार्यवाही से निकाला जाए।
संदीप शर्मा ने कहा- मैं कोई गलत बात थोड़े ही कर रहा हूं। कोई अभद्र बात नहीं कर रहा। आपने मुख्यमंत्री पर टीका टिप्पणी की थी। जूली ने कहा-जब वह यहां बैठे हों तो उनके सामने सब कह देना, यहां गैर मौजूदगी में यह सब कहना गलत है।
संदीप शर्मा ने जूली से कहा- आप कसम खाकर बता देना कि उनकी बात को समझते हो क्या? अरे साहब हम नहीं समझ पाते, कसम खाकर कहता हूं। हम कभी टीका टिप्पणी नहीं करते। वे हमारे मुख्यमंत्री थे आज भी वे पूर्व मुख्यमंत्री हैं, हम टिप्पणी नहीं करते। हम आपसे भी अपेक्षा नहीं करते कि हमारे नेताओं के ऊपर इस तरह की टीका-टिप्पणी करें।
इस मामले को लेकर संदीप शर्मा और जूली के बीच तीखी बहस होने लगी। संसदीय कार्य मंत्री सहित कुछ मंत्री और बीजेपी विधायक भी संदीप शर्मा के समर्थन बोलने लगे। दोनों तरफ से नोकझोंक के बाद हंगामे के हालात बन गए। सभापति ने दोनों पक्षों को शांत करवाया।
विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान भी जोरदार हंगामा हुआ। सदन में भारी नोकझोंक के बीच स्पीकर वासुदेव देवनानी को सख्ती दिखानी पड़ी। कई बार उन्होंने टोकने वाले विधायकों को फटकार भी लगाई।
कांग्रेस विधायक रुपिंदर कुनर से जेजेएम के तहत ढाणियों के लोगों को पानी कनेक्शन देने का पूरक सवाल पूछा था। इसी सवाल के जवाब में जलदाय मंत्री कन्हैयालाल चौधरी ने कहा- नहरी क्षेत्रों में पंजाब से गंदा पानी आने की समस्या रहती है। उसमें हेवी मेटल भी होते हैं।
नहरबंदी के वक्त ज्यादा दिक्कत आती है। पीएम मोदी का कहना है कि सबको साफ पानी मिलना चाहिए।
कांग्रेस विधायकों ने सीधा जवाब देने की बात कहकर टोकने पर जलदाय मंत्री ने नाराजगी जताते हुए कहा- प्रधानमंत्री मोदी का नाम आने से उछलते क्यों हो, उनके नाम से इतनी जलन क्यों मचती है? उन्होंने अच्छा काम किया है तो उसकी चर्चा होगी। इस दौरान बीच में टोकने पर स्पीकर ने कांग्रेस विधायकों को फटकार लगाई।
श्रीगंगानगर-हनुमानगढ़ में भी हेवी मेटल की जांच हो सकेगी
जलदाय मंत्री ने कहा कि अभी पानी में हेवी मेटल की टेस्टिंग की लैब जयपुर में ही है। श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ में यह जांच सुविधा नहीं है। हर जगह टेस्ट लैब लगा रहे हैं। हम जल्द ही श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ में पानी की टेस्ट लैब लगाएंगे, जिनमें हेवी मेटल की मौजूदगी की जांच होगी।
सदन के विशेषाधिकार हनन का आरोप
राजस्थान के विश्वविद्यालयों में प्राइवेट स्टूडेंट्स से एक-एक हजार रुपए विमर्श शुल्क वसूलने से जुड़े सवाल पर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली और डिप्टी सीएम प्रेमचंद बैरवा के बीच नोकझोंक हुई। जूली ने बैरवा पर एक सवाल के दो-दो तरह के जवाब देकर सदन के विशेषाधिकार हनन का आरोप लगाया। स्पीकर ने कहा कि सवाल पर बहस नहीं की जा सकती। इसी हंगामे के बीच प्रश्नकाल खत्म हो गया।
आश्रम-हॉस्टल्स में बिना टेंडर खाद्य सामग्री खरीदने पर घिरे मंत्री
जनजाति क्षेत्रों में चल रहे आश्रम हॉस्टलों में बिना टेंडर खाद्य सामग्री खरीदने के मामले में प्रश्नकाल के दौरान टीएडी मंत्री बाबूलाल खराड़ी सवालों में घिर गए। कांग्रेस विधायक अर्जुन सिंह बामणीया ने मंत्री से खाद्य सामग्री में खरीद की दरों में अंतर के बारे में पूछा।
मंत्री दरों का अंतर नहीं बता सके। अलग-अलग हॉस्टल्स में खरीद की दरों में फर्क नहीं बता पाने पर कांग्रेस विधायकों ने मंत्री को घेरने का प्रयास किया। सवाल लंबा खिंचने और नोकझोंक के बाद स्पीकर ने मंत्री के जवाब के बीच ही पूरे मामले की जांच करवाने के निर्देश दिए।



