नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को ताशकंद के यंगी उज्बेकिस्तान पार्क में पुष्पांजलि अर्पित कर उज्बेकिस्तान के समृद्ध इतिहास, विरासत और राष्ट्रीय भावना को सम्मान दिया। इस दौरान उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शौकत मिर्ज़ियोयेव भी मौजूद रहे। दोनों नेताओं ने पार्क में उज्बेक संस्कृति और इतिहास को दर्शाने वाली कलाकृतियों का अवलोकन किया। विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह अवसर भारत और उज्बेकिस्तान के बीच लंबे समय से चली आ रही गहरी दोस्ती को रेखांकित करता है।
राष्ट्रपति मिर्ज़ियोयेव ने किया पीएम मोदी का स्वागत
प्रधानमंत्री मोदी अपनी दो दिवसीय राजकीय यात्रा पर शनिवार को ताशकंद पहुंचे। हवाई अड्डे पर राष्ट्रपति शौकत मिर्ज़ियोयेव ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। प्रधानमंत्री ने इस विशेष स्वागत के लिए उज्बेक राष्ट्रपति का आभार जताया और कहा कि उज्बेकिस्तान की यह उनकी चौथी यात्रा है, जो दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों की गहराई और बढ़ती गति को दर्शाती है।
पार्क में उज्बेक संस्कृति और इतिहास की झलक
यंगी उज्बेकिस्तान पार्क में प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मिर्ज़ियोयेव ने उज्बेक संस्कृति और इतिहास को प्रदर्शित करने वाली कलाकृतियों को देखा। पार्क में पुष्पांजलि अर्पित करने के दौरान प्रधानमंत्री ने उज्बेकिस्तान की ऐतिहासिक विरासत और राष्ट्रीय भावना के प्रति सम्मान व्यक्त किया।
रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने पर जोर
पीएम नरेंद्र मोदी यात्रा के दौरान राष्ट्रपति शौकत मिर्ज़ियोयेव के साथ प्रतिनिधिमंडल स्तर की वार्ता करेंगे। बातचीत में दोनों देशों की रणनीतिक साझेदारी को और मजबूत करने तथा व्यापार, निवेश, डिजिटल कनेक्टिविटी, रक्षा और ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा होने की उम्मीद है।
विकसित भारत और यंगी उज्बेकिस्तान का साझा विजन
प्रधानमंत्री ने यात्रा से पहले कहा था कि हाल के वर्षों में भारत और उज्बेकिस्तान की रणनीतिक साझेदारी में उल्लेखनीय प्रगति हुई है। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के बीच सहयोग को और गहरा करने के साथ ‘विकसित भारत 2047’ और ‘यंगी उज्बेकिस्तान’ के साझा विकास विजन को आगे बढ़ाने पर राष्ट्रपति मिर्ज़ियोयेव के साथ चर्चा की जाएगी।
द्विपक्षीय संबंधों में बढ़ी गति
पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि ताशकंद की उनकी चौथी यात्रा भारत और उज्बेकिस्तान के संबंधों की बढ़ती गति और गहराई को दर्शाती है। पिछले वर्षों में दोनों देशों के बीच विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग का विस्तार हुआ है। मौजूदा यात्रा को इसी रणनीतिक साझेदारी को नए क्षेत्रों तक ले जाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।



