जैसलमेर। नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 को स्वतंत्र, निष्पक्ष, शांतिपूर्ण एवं भयमुक्त वातावरण में संपन्न कराने तथा जिले में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल ने जैसलमेर जिले की संपूर्ण राजस्व सीमा में अधिवासित/विद्यमान पात्र शस्त्र अनुज्ञापत्रधारियों के शस्त्र एवं एम्युनिशन को निर्वाचन प्रक्रिया पूर्ण होने तक जमा कराने के आदेश जारी किए हैं। जिला निर्वाचन अधिकारी ने आयुध अधिनियम, 1959 की धारा 17(3) के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए संबंधित श्रेणी के शस्त्र अनुज्ञापत्रों को मतगणना समाप्ति के 7 दिवस पश्चात तक इम्पाउंड करने के आदेश दिए हैं। संबंधित अनुज्ञापत्रधारियों को अपने शस्त्र तत्काल प्रभाव से निकटतम पुलिस थाने, अधिकृत आर्म्स डीलर अथवा यूनिट आर्मरी में जमा कर नियमानुसार रसीद प्राप्त करनी होगी।
इन श्रेणियों के शस्त्रधारियों को शस्त्र जमा कराना होगा
आदेश के अनुसार ऐसे शस्त्र अनुज्ञापत्रधारी जिनका आपराधिक इतिहास रहा है, जो जेल से जमानत पर रिहा हुए हैं, पूर्व में कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली घटनाओं/दंगों में लिप्त रहे हैं, आपराधिक मामले में दोषसिद्ध हो चुके हैं अथवा शांतिभंग के मामलों में पाबंद किए गए हैं, उन्हें शस्त्र जमा कराना अनिवार्य होगा। इसी प्रकार, निर्वाचन के दौरान किसी मतदाता अथवा मतदाताओं के समूह को भयग्रस्त कर स्वतंत्र एवं निष्पक्ष मतदान में बाधा उत्पन्न करने की आशंका वाले तथा उप जिला मजिस्ट्रेट, उप पुलिस अधीक्षक, सेक्टर अधिकारी, तहसीलदार अथवा थानाधिकारी द्वारा चिन्हित किए गए शस्त्रधारियों पर भी यह आदेश लागू होगा। संवेदनशील एवं अति संवेदनशील मतदान केन्द्रों, विशेष रूप से एस-4 श्रेणी के मतदान केन्द्रों के अधीन निवास करने वाले शस्त्र अनुज्ञापत्रधारियों को भी शस्त्र जमा कराने होंगे। इनमें पूर्व निर्वाचन में हिंसक घटनाओं, जातीय प्रभुत्व, तनाव अथवा अन्य चुनावी अपराधों की दृष्टि से चिन्हित मतदान केन्द्र शामिल हैं।
इनको रहेगी छूट
आदेश के तहत बैंक सुरक्षाकर्मी, सीमा सुरक्षा बल, अर्द्धसैनिक बल, सशस्त्र पुलिस, सिविल डिफेन्स, होमगार्ड तथा निर्वाचन के दौरान कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए अधिकृत केंद्रीय एवं राज्य सरकार के अधिकारी/कर्मचारी इस प्रतिबंध से मुक्त रहेंगे। इसी प्रकार विभिन्न स्तरों पर नेशनल राइफल एसोसिएशन के सदस्य ऐसे खिलाड़ी, जिन्हें खेल आयोजनों में अपनी राइफलों का उपयोग करना आवश्यक है, तथा जिला स्तरीय अनुवीक्षण समिति (स्क्रीनिंग कमेटी) द्वारा विशेष रूप से छूट प्रदान किए गए शस्त्र अनुज्ञापत्रधारी भी आदेश से मुक्त रहेंगे।
निर्वाचन की निष्पक्षता एवं सुरक्षा सर्वाेच्च प्राथमिकता
जिला कलक्टर ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी निर्वाचन कार्यक्रम की अल्पावधि एवं निर्वाचन संबंधी अन्य व्यवस्थाओं में व्यस्तता के कारण आदेश जारी करने से पूर्व सभी शस्त्र अनुज्ञापत्रधारियों की व्यक्तिगत सुनवाई एवं आदेश की व्यक्तिगत तामील करना संभव नहीं है। अतः निर्वाचन की निष्पक्षता, सुरक्षा एवं कानून-व्यवस्था को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू किया गया है। जिला प्रशासन ने सभी संबंधित शस्त्र अनुज्ञापत्रधारियों से अपील की है कि वे बिना विलंब अपने शस्त्र एवं एम्युनिशन निर्धारित स्थान पर जमा कराकर रसीद प्राप्त करें तथा निर्वाचन प्रक्रिया को शांतिपूर्ण, स्वतंत्र, निष्पक्ष एवं भयमुक्त बनाने में प्रशासन का सहयोग करें।



