जैसलमेर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के कुशल नेतृत्व एवं नगरीय विकास एवं आवासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा के निर्देशन में राज्य सरकार द्वारा शहरी नागरिकों की समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण के उद्देश्य से 12 जून से 15 जुलाई तक “शहरी सेवा शिविर-2026” आयोजित किए जाएंगे जिनकी तैयारियों को लेकर गुरूवार को नगरीय विकास एवं आवासन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव आलोक गुप्ता एवं स्वायत्त शासन विभाग के शासन सचिव रवि जैन ने डीएलबी मुख्यालय के सभागार में वीसी के माध्यम से राज्य स्तरीय बैठक ली। उल्लेखनीय है कि इस अभियान के दौरान 69-ए, 54-ई, 50-बी, 60-सी, लीज होल्ड से फ्री होल्ड पट्टे जारी करना, शहरों के वृहद् स्तर पर साफ-सफाई, सड़क मरम्मत, पेच वर्क कार्य, स्ट्रीट लाईटों को दुरस्त करना, नालियों की मरम्मत, फेरोकवर व मैन हाॅल्स की मरम्मत, सीवर लाईन के लिकेज की मरम्मत, जन्म-मृत्यु/विवाह पंजीयन/फायर एनओसी/ट्रेड-लाईसेंस/साईनेज लाईसेंस/सीवर कनेक्शन/ ओएफसी-मोबाईल टावर एनओसी/ईडब्लयूएस प्रमाण पत्र जारी करना, विभिन्न राजकीय विभागों की फ्लैगशिप जनहित योजनाओं के तहत आवेदन प्राप्त कर, स्वीकृति जारी करना, मुख्यमंत्री निशुल्क बिजली योजना, कुसुम योजना के आवेदन प्राप्त करना आदि कार्य किये जायेंगें।
बैठक में गुप्ता ने शिविरों की रूपरेखा, क्रियान्वयन, मॉनिटरिंग तथा जनसुविधाओं को सुचारु रूप से सुनिश्चित करने संबंधी सभी बिंदुओं पर विस्तृत चर्चा कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए। गुप्ता ने कहा कि इस अभियान के दौरान प्राप्त होने वाले सभी प्रकरण अभियान की अवधि में ही गुणवत्तापूर्ण तरीके से निस्तारित किए जाए किसी भी प्रकार की पेंडेंसी अभियान के बाद ना हो इसका विशेष ध्यान रखा जाए।
उन्होनें अभियान के दौरान राज्य सरकार द्वारा दी जाने वाली विशेष छूट पर प्रकाश डालते हुए बताया कि पिछले वर्षो की बकाया लीज राशि वर्ष 2025-2026 तक एक मुश्त शहरी सेवा शिविर में जमा करने पर ब्याज 100 प्रतिशत छूट दी जायेगी। पिछले वर्षो की बकाया लीज राशि अभियान अवधि में जमा कराने पर एवं फ्री होल्ड हेतु 10 वर्ष तथा लीज मुक्ति हेतु 8 वर्ष की लीज राशि शहरी सेवा शिविर में अग्रिम एकमुश्त जमा कराने पर बकाया लीज राशि में 60 प्रतिशत छूट दी जायेगी। इसके अतिरिक्त अभियान के दौरान नामान्तरण शुल्क में 50 प्रतिशत की छूट प्रदान की जाएगी। इसी प्रकार ईडब्ल्यूएस एवं एलआईजी श्रेणी के आवंटियों द्वारा बकाया किस्तों की एकमुश्त जमा राशि पर ब्याज एवं शास्ति में 100 प्रतिशत छूट देते हुए नियमन किया जाएगा। लॉटरी से आवंटित आवासीय भूखण्डों के 10 वर्ष की अवधि पूर्ण होने से पूर्व विक्रय किए जाने के प्रकरणों में शास्ति में 50 प्रतिशत की छूट दी जाएगी। साथ ही लॉटरी अथवा नीलामी के माध्यम से आवंटित ऐसे आवासीय भूखण्ड, जिनकी नीलामी/आवंटन राशि पूर्ण रूप से जमा हो चुकी है, उन्हें बिना ब्याज एवं शास्ति के पट्टा जारी करने की सुविधा प्रदान की जाएगी। इसके अतिरिक्त नई टाउनशिप पॉलिसी-2024 लागू होने से पूर्व जिन प्रकरणों में धारा 90-ए की कार्यवाही पूर्ण हो चुकी थी, उन सभी प्रकरणों में अभियान अवधि के दौरान स्थानीय स्तर पर पुरानी टाउनशिप पॉलिसी-2010 के अनुसार ले-आउट प्लान अनुमोदित किए जाएंगे। इन प्रावधानों से बड़ी संख्या में नागरिकों को राहत मिलेगी तथा वर्षों से लंबित प्रकरणों का प्रभावी समाधान सुनिश्चित हो सकेगा।
बैठक के दौरान शासन सचिव रवि जैन ने निर्देश दिए कि राज्य सरकार की मंशानुसार शहरी सेवा शिविर-2026 का आयोजन राज्य की प्रत्येक नगरीय निकाय एवं प्राधिकरण पर अनिवार्य रूप से किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिविरों में लंबित प्रकरणों के साथ-साथ प्राप्त होने वाले सभी नए आवेदनों का निस्तारण शिविर स्थल पर ही उसी दिन किया जाना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने सख्त निर्देश दिये की किसी भी प्रकरण को रिजेक्ट करने पर सपष्टीकरण दिया जाना अनिवार्य होगा ।
जैन ने सभी नगरीय निकायों और विकास प्राधिकरण को अपने क्षेत्र से जुड़े जनप्रतिनिधियों से संवाद कर उस क्षेत्र के निवासियों की समस्याओं को दूर करने के भी निर्देश दिए।
बैठक में स्वायत्त शासन विभाग के निदेशक प्रतीक जुईकर, मुख्य नगर नियोजक प्रीति गुप्ता सहित सभी नगरीय निकायों और नगरीय विकास न्यास के उच्च अधिकारी उपस्थित रहे।


